चंडीगढ़ में मेयर के लिए आज होगी वोटिंग, बीजेपी-आप के बीच टक्कर

चंडीगढ़.

शहर को आज दोपहर 12 बजे तक नया मेयर मिल जाएगा। भाजपा से सौरभ जोशी, आम आदमी पार्टी से योगेश ढींगरा और कांग्रेस से गुरप्रीत सिंह गाबी मैदान में हैं। हालांकि, आम आदमी पार्टी के कई पार्षदों की नाराजगी भाजपा के सौरभ जोशी का कुर्सी तक पहुंचना आसान बनाते दिख रहे हैं। कांग्रेस और आम आदमी पार्टी की दूरी भी सौरभ जोशी की कुर्सी से दूरी घटाई है। यह टकराव आज चुनाव में भी रहा, तो भाजपा बड़े अंतर से जीत दर्ज कर लेगी।

भाजपा के पास सबसे अधिक 18 वोट हैं। जबकि आप के 11 में से दो पार्षद नाराज बताए जा रहे हैं। रामचंद्र यादव ने तो प्रत्याशी नहीं बनाए जाने से नाराज होकर डिप्टी मेयर के लिए अलग से नामांकन दाखिल कर रखा है। दमनप्रीत भी नाराज हैं। कांग्रेस के छह पार्षद हैं और एक सांसद मनीष तिवारी का वोट रहेगा। वोटिंग सुबह ग्यारह बजे शुरू होगी। मतदान से जुड़ा अपडेट जानने के लिए जुड़े रहें।

रात आठ बजे से कांग्रेस पार्षदों के फोन हुए बंद
कांग्रेस अध्यक्ष एचएस लक्की ने अपने घर पर पार्षदों से बैठक की। लक्की ने मेयर चुनाव के साथ आगामी नगर निगम चुनाव पर भी चर्चा की। पार्षदों ने दोहराया कि वह मेयर सहित तीनों पदों पर चुनाव लड़ेंगे। आप का समर्थन नहीं करेंगे। रात आठ बजे कांग्रेस के पार्षदों के फोन बंद हो गए।

आप की सुखना पर लंच डिप्लोमेसी, तीन पार्षद नहीं पहुंचे
आम आदमी पार्टी के पार्षद बुधवार दोपहर को सुखना लेक पर लंच करने पहुंचे। आप चंडीगढ़ प्रभारी जनरैल सिंह और अध्यक्ष विजय पाल यादव की मौजूदगी में पार्षद सोलर क्रूज पर मंत्रणा करते दिखे।
 हालांकि, फोटो में छह से सात पार्षद ही दिखने से कई सवाल भी खड़े हो गए। आपसी टकराव और नाराजगी यहां भी देखने को मिली। रामचंद्र यादव और जसबीर सिंह लाडी लंच पर नहीं पहुंचे। हालांकि दमनप्रीत सिंह मौजूद रहे।

दिनभर दल बनाते रहे रणनीति
चुनाव से पहले बुधवार को राजनीतिक दल दिनभर रणनीति बनाने में व्यस्त रहे। इस बार दिलचस्प यह है कि कांग्रेस और आप के पार्षद शहर में हैं और भाजपा पार्षद कई दिनों से पंचकूला में रुके हैं। बुधवार को भाजपा चुनाव पर्यवेक्षक विनोद तावड़े ने पंचकूला के रेड बिशप पहुंचकर सभी पार्षदों को एकजुटता का पाठ पढ़ाया। निजी इच्छा और स्वार्थ से ऊपर भाजपा को बताते हुए असंतुष्टों को एकजुट किया। उन्हें उदाहरण देकर भाजपा की नीति व पीएम का विजन बताते हुए आगे के अवसरों पर बात की।

हाथ उठाकर करेंगे फैसला
पीठासीन अधिकारी पहले एक प्रत्याशी का नाम लेंगे और उनका समर्थन करने वाले सदस्यों से हाथ उठाने के लिए कहेंगे। जो पार्षद हाथ उठाएंगे बाकायदा एक-एक का नाम दर्ज करेंगे। इसके बाद दूसरे प्रत्याशी का नाम लेकर उनके समर्थन में होने वाले पार्षदों से हाथ उठाने के लिए कहेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button